पटाखे जलाना सही नहीं, लेकिन अगर जलाएँ तो चुनें ‘ग्रीन पटाखे’

दिवाली सिर्फ रोशनी और मिठाइयों का त्योहार नहीं — यह एक भावना है, एक ऊर्जा है, जो हमारे घरों के साथ-साथ हमारे मन में भी उजाला करती है। दीये जलते हैं, घरों की सजावट चमकती है, और लोग एक-दूसरे को प्रेम और शुभकामनाएँ देते हैं। लेकिन इसी उत्साह के बीच एक सवाल हमें रुककर सोचने पर मजबूर करता है — क्या हमारी खुशी किसी और की पीड़ा पर आधारित होनी चाहिए?

पटाखों की चमक भले ही कुछ सेकंड की खुशी दे, मगर उसके बाद निकलने वाला धुआँ हवा में ज़हर भर देता है। छोटे बच्चों, बुजुर्गों, अस्थमा रोगियों और मूक जीवों के लिए ये शोर और प्रदूषण असहनीय हो जाता है। पक्षी अपनी दिशा खो देते हैं, पालतू जानवर डर के मारे घंटों सहमे रहते हैं, और हमारे वातावरण पर इसका असर लंबे समय तक रहता है।

लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि त्योहार की खुशी कम हो जाए। बल्कि अब समय है कि हम अपनी खुशियों के तरीके को थोड़ा सजग और जिम्मेदार बनाएं।

इसी सोच के साथ ग्रीन पटाखे सामने आए हैं — ऐसे पटाखे जो कम धुआँ, कम केमिकल और कम शोर पैदा करते हैं। ये सिर्फ एक विकल्प नहीं, बल्कि एक संवेदनशील सोच का प्रतीक हैं — ऐसी सोच जो कहती है:

“त्योहार मनाओ — पर प्रकृति और जीवों के साथ।”तो इस दिवाली, रोशनी सिर्फ घरों में नहीं, हमारी समझ, संवेदना और व्यवहार में भी जलने दें।
क्योंकि सच्ची दिवाली वही है—जहाँ रोशनी सबके लिए हो, दर्द किसी के लिए नहीं।

ग्रीन पटाखों का महत्व

‘ग्रीन पटाखे’ पारंपरिक पटाखों की तुलना में कम प्रदूषण फैलाते हैं

  • इनमें हानिकारक रसायनों की मात्रा बहुत कम होती है।
  • धुआँ और आवाज़ कम होती है।
  • यह पर्यावरण, इंसानों और जीव-जंतुओं के लिए सुरक्षित हैं।

छोटे कदम ही बड़े बदलाव लाते हैं। जब हम पारंपरिक पटाखों की जगह ग्रीन पटाखों का चयन करते हैं, तो हम न केवल खुशी बांटते हैं, बल्कि जिम्मेदारी भी निभाते हैं

प्रमुख ग्रीन पटाखे निर्माता कंपनिया

  • Standard Fireworks
    यह कंपनी 100% ग्रीन पटाखे बनाती है। इनके पटाखों में हानिकारक तत्व कम होते हैं और पर्यावरण के अनुकूल होते हैं।
    ऑर्डर करें: Click Here

  • Sree Balaji Fireworks
    रंगीन और ग्रीन पटाखों की विस्तृत श्रृंखला। इनके पटाखे 30% कम प्रदूषण फैलाते हैं और प्राकृतिक वातावरण को सुरक्षित रखते हैं।
    ऑर्डर करें: Click Here

  • Sivakasi Green Crackers
    उच्च गुणवत्ता वाले ग्रीन पटाखे, जो दिवाली की खुशियाँ फैलाते हैं, बिना पर्यावरण को नुकसान पहुँचाए।
    ऑर्डर करें: Click Here

ग्रीन पटाखों के चयन के लाभ

  • पर्यावरणीय सुरक्षा: कम धुआँ, साफ हवा और सुरक्षित वातावरण।

  • स्वास्थ्य लाभ: धुंआ और हानिकारक रसायन कम होने से श्वसन संबंधी समस्याएँ घटती हैं।

  • ध्वनि प्रदूषण में कमी: बच्चों, बुजुर्गों और जानवरों की मानसिक शांति बनी रहती है।

  • जिम्मेदारी का संदेश: खुशी बांटते हुए जिम्मेदारी भी निभाएँ।

कैसे करें सही चयन?

  • हमेशा प्रमाणित और भरोसेमंद विक्रेता से ही ग्रीन पटाखे खरीदें।

  • पटाखे जलाते समय दूरी बनाएँ और बच्चों की सुरक्षा का ध्यान रखें।

  • पटाखों की मात्रा कम रखें और बिना जरूरत की आवाज़/धुआँ फैलाने से बचें।

निष्कर्ष:

इस दिवाली, हम सब यह संकल्प लें कि हमारी खुशी कभी भी किसी अन्य जीव, इंसान या प्रकृति की पीड़ा का कारण न बने। त्योहार मनाना हमारा अधिकार है — लेकिन संवेदनशीलता, जागरूकता और जिम्मेदारी हमारी पहचान होनी चाहिए।

यदि पटाखे जलाना सच में आवश्यक लगता है, तो क्यों न ऐसे विकल्प चुनें जिनसे कम नुकसान हो और उत्सव की भावना भी बनी रहे? ऐसे में ग्रीन पटाखे एक बेहतर विकल्प हैं — जो न केवल कम प्रदूषण करते हैं बल्कि कम शोर के साथ वातावरण की रक्षा भी करते हैं।

इस छोटे से निर्णय से हम:

  • पर्यावरण को सुरक्षित रखते हैं

  • जानवरों और बच्चों को सुरक्षित रखते हैं

  • और अपनी खुशियों को जिम्मेदारी के साथ बांटते हैं

अंतिम संदेश:

“दिवाली की रोशनी से न केवल घर, बल्कि पूरे समाज को रोशन करें। खुशियाँ फैलाएँ, प्रदूषण नहीं।”

Also Read: https://jinspirex.com/handmade-by-her/

Discover More Blogs

Kisan Diwas: आज किसान दिवस है।एक ऐसा दिन, जब हम किसान को धन्यवाद तो कहते हैं,लेकिन क्या कभी अपनी थाली को देखकर उसे महसूस भी किया है? रोटी, दाल, सब्ज़ी, चावल और फल—ये सिर्फ खाने की चीज़ें नहीं हैं,बल्कि किसी

233 views

सुमति धाम, इंदौर : 27 अप्रैल — रविवार सुबह इंदौर की फिजाओं में भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा का ऐसा अद्भुत संगम देखने को मिला, जिसने पूरे शहर को धर्ममय कर दिया। सुमति धाम में आयोजित आचार्य विशुद्धसागर जी महाराज

310 views

कौन होते हैं पंचपरमेष्ठी? “पिता: पंचपरमेष्ठी की तरह जीवन में मार्गदर्शन करते हैं। क्या एक पापा में वास्तव में ये पांचों गुण मौजूद हो सकते हैं? आइए जानते हैं।”जैन धर्म में पंचपरमेष्ठी का अर्थ है — वो पाँच महान आत्माएं,

237 views

जय जिनेंद्र: सोचिए — आप किसी जैन परिवार के घर गए।दरवाज़ा खुला और सबसे पहले आवाज़ आई: “जय जिनेंद्र!” आप मुस्कुरा तो देते हैं —लेकिन मन में यह सवाल जरूर आता है: बहुत से लोग मज़ाक-मज़ाक में कह देते हैं

307 views

Introduction Jain Hathkargha: Every time you buy a new outfit, do you ever wonder who made it, what it’s made of, and at what cost to the planet? The fashion industry is one of the largest polluters in the world,

317 views

नर्मदा जयंती: भारत की नदियाँ केवल जलधाराएँ नहीं हैं। वे सभ्यता, संस्कृति और जीवन के सतत प्रवाह का प्रतीक हैं। नर्मदा जयंती भी ऐसा ही एक अवसर है, जब लोग नदी से भावनात्मक और आध्यात्मिक जुड़ाव महसूस करते हैं। इस

91 views

Latest Article

Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Ut elit tellus, luctus nec ullamcorper mattis, pulvinar dapibus leo.